भारतीय सेना का करारा जवाब, पाकिस्तान का ड्रोन लॉन्चिंग बेस ध्वस्त
भारतीय सेना ने एक बार फिर पाकिस्तान की नापाक हरकतों का मुंहतोड़ जवाब दिया है। शनिवार सुबह ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत भारतीय सेना ने पाकिस्तान की सीमा में मौजूद एक पोस्ट और आतंकवादियों का ड्रोन लॉन्च पैड पूरी तरह से तबाह कर दिया। यह वही ठिकाना था जहां से भारत पर हमले के लिए ट्यूब-लॉन्च किए गए ड्रोन भेजे जा रहे थे। सेना की इस कार्रवाई ने पाकिस्तान की ओर से लगातार हो रहे ड्रोन हमलों पर निर्णायक चोट की है।
अमृतसर में दिखे कई सशस्त्र ड्रोन, भारतीय एयर डिफेंस ने किया नष्ट
शनिवार सुबह करीब 5 बजे पंजाब के अमृतसर स्थित खासा कैंट इलाके में कई दुश्मन ड्रोन देखे गए। ये ड्रोन हथियारों से लैस थे और भारतीय सैन्य व नागरिक ठिकानों को निशाना बना सकते थे। भारतीय वायु रक्षा यूनिट्स ने त्वरित प्रतिक्रिया देते हुए सभी ड्रोन को मार गिराया। सेना ने बताया कि इन ड्रोन की लॉन्चिंग पाकिस्तान के एक पोस्ट से की गई थी, जो अब पूरी तरह नष्ट किया जा चुका है।
भारतीय सेना ने स्पष्ट किया कि पाकिस्तान द्वारा भारत की संप्रभुता का उल्लंघन और नागरिकों की सुरक्षा को खतरे में डालना किसी भी सूरत में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने दोहराया कि वे हर साजिश को नाकाम करेंगे।
नियंत्रण रेखा और अंतरराष्ट्रीय सीमा पर 26 स्थानों पर दिखे ड्रोन
भारतीय सेना के अनुसार, पाकिस्तान की ओर से जम्मू-कश्मीर के बारामुला से लेकर गुजरात के भुज तक, 26 विभिन्न स्थानों पर ड्रोन गतिविधियां दर्ज की गई हैं। इनमें से कई ड्रोन सशस्त्र थे, जो संभावित रूप से सैन्य ठिकानों, एयरबेस और नागरिक क्षेत्रों को नुकसान पहुंचा सकते थे। जिन स्थानों पर ये ड्रोन देखे गए, उनमें श्रीनगर, अवंतीपोरा, नगरोटा, जम्मू, फिरोजपुर, पठानकोट, जैसलमेर, बाड़मेर और भुज जैसे संवेदनशील इलाके शामिल हैं।
इनमें से कई हमलों को एयर डिफेंस सिस्टम द्वारा समय रहते नाकाम कर दिया गया, जिससे किसी बड़े नुकसान की आशंका टल गई।
पंजाब में नागरिक घायल, सेना हाई अलर्ट पर
पाकिस्तान की ओर से ड्रोन हमलों की बढ़ती घटनाओं के बीच पंजाब के फिरोजपुर में एक सशस्त्र ड्रोन ने एक नागरिक इलाके को निशाना बनाया, जिससे एक स्थानीय परिवार का सदस्य गंभीर रूप से घायल हो गया। घायलों को तत्काल चिकित्सा सुविधा दी गई और इलाके को सुरक्षा बलों द्वारा घेराबंदी कर सुरक्षित किया गया।
मौजूदा हालात को देखते हुए भारतीय सेना और सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। सीमा क्षेत्रों में तैनात यूनिट्स को विशेष निगरानी और काउंटर-ड्रोन ऑपरेशन के निर्देश दिए गए हैं। स्थानीय नागरिकों से अपील की गई है कि वे सेना द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें, गैरजरूरी यात्रा से बचें और किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें।
