वाशिंगटन, कैलिफोर्निया जैसे राज्यों में तेजी से बढ़ रहे केस
वाशिंगटन, कैलिफोर्निया जैसे राज्यों में तेजी से बढ़ रहे केस
नई दिल्ली/वॉशिंगटन: दुनियाभर में एक बार फिर कोरोना वायरस का खतरा बढ़ता दिख रहा है। अमेरिका में कोविड-19 का एक नया वेरिएंट NB.1.8.1 सामने आया है, जिसने सरकार और स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। यह वेरिएंट खासतौर पर उन विदेशी यात्रियों में पाया गया है, जो साउथ कोरिया, जापान, चीन और फ्रांस जैसे देशों से अमेरिका पहुंचे थे।
एयरपोर्ट पर बढ़ी सतर्कता
रिपोर्ट्स के मुताबिक अमेरिका के वाशिंगटन, कैलिफोर्निया, न्यूयॉर्क और वर्जीनिया जैसे बड़े शहरों के एयरपोर्ट्स पर विदेशी यात्रियों की जांच के दौरान इस वेरिएंट के केस सामने आए हैं। इन यात्रियों की ट्रैवल हिस्ट्री ज्यादातर एशियाई देशों से जुड़ी है। ओहियो, रोड आइलैंड और हवाई जैसे राज्यों में भी इस वेरिएंट के मरीज मिले हैं, हालांकि उनका एयरपोर्ट से सीधा संबंध नहीं है।

मार्च-अप्रैल से दिखने लगे थे लक्षण
बताया गया है कि अमेरिका में इस वेरिएंट के शुरुआती केस मार्च के अंत और अप्रैल की शुरुआत में कैलिफोर्निया और वाशिंगटन में मिले थे। हालांकि उस समय यह स्पष्ट नहीं था कि ये NB.1.8.1 वेरिएंट के केस हैं। अब जब अधिक डेटा सामने आया है, तो स्थिति को गंभीरता से लिया जा रहा है।
हांगकांग और ताइवान में भी बढ़े केस
अमेरिका के साथ-साथ एशिया के कई देशों में भी कोरोना के इस नए वेरिएंट के मामले बढ़ते जा रहे हैं। हांगकांग में अस्पताल फिर से मरीजों से भरने लगे हैं और सरकार ने लोगों से मास्क पहनने और भीड़-भाड़ से बचने की सलाह दी है। वहीं, ताइवान में गंभीर मरीजों की संख्या बढ़ रही है, जिससे वहां वैक्सीन का स्टॉक जमा किया जा रहा है।
क्या कहती है रिसर्च?
शुरुआती रिसर्च से पता चला है कि NB.1.8.1 वेरिएंट बाकी वेरिएंट्स की तुलना में तेजी से फैलता है, लेकिन यह उतना घातक नहीं है। यानी इसकी वजह से ज्यादा गंभीर लक्षण या मौत के मामले कम देखे जा रहे हैं। फिर भी यह चिंता की बात है क्योंकि इसके प्रसार की रफ्तार तेज है और इससे संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।
WHO की नजर में है नया वेरिएंट
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने भी NB.1.8.1 पर नजर रखनी शुरू कर दी है। यह वेरिएंट XDV.1.5.1 का नया वर्जन माना जा रहा है। NB.1.8.1 का पहला मामला 22 जनवरी 2025 को सामने आया था। उसी समय WHO ने इसे “वेरिएंट अंडर मॉनिटरिंग” यानी निगरानी वाले वेरिएंट की लिस्ट में शामिल कर लिया था।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है, लेकिन घबराने की नहीं। मास्क पहनना, हाथ धोना और भीड़ से दूरी बनाए रखना अभी भी सबसे प्रभावी उपाय हैं।
