राजा रघुवंशी मर्डर केस में बड़ा खुलासा: पत्नी सोनम ने बनाए थे 5 हत्या के प्लान, चौथे में मिली कामयाबी, पांचवे की थी पूरी तैयारी
हनीमून बना मौत का रास्ता, चौथे प्लान में दी गई राजा को दर्दनाक मौत
राजा रघुवंशी मर्डर केस में जैसे-जैसे पुलिस जांच आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे हत्या की गहरी साजिशें सामने आ रही हैं। पुलिस जांच में सनसनीखेज खुलासा हुआ है कि राजा की पत्नी सोनम रघुवंशी और उसका प्रेमी राज कुशवाहा, राजा को मारने के लिए पहले ही 5 योजनाएं बना चुके थे। सोहरा (चेरापूंजी) में की गई हत्या इस साजिश की चौथी कोशिश थी — और पहली बार पूरी तरह सफल रही।

अगर यह प्लान भी फेल होता, तो डावकी में होता खून
पुलिस के मुताबिक, अगर सोहरा में हत्या न हो पाती, तो सोनम और राज ने राजा को डावकी ले जाकर मारने की योजना बनाई थी। डावकी मेघालय का एक खूबसूरत पर्यटन स्थल है, जो बांग्लादेश सीमा के पास स्थित है। आरोप था कि यहां सोनम राजा को घूमाने के बहाने ले जाती, फिर उमनगोट नदी के किनारे उसकी हत्या कर शव को नदी में बहा देती ताकि सबूत मिटाया जा सके।
पहले भी तीन बार कर चुके थे हत्या की नाकाम कोशिश
SIT की पूछताछ में पता चला है कि राजा की हत्या की कोशिश शादी से पहले भी की गई थी।
- पहली बार उसे एक्सीडेंट में मारने की कोशिश हुई।
- दूसरी बार खाने में ज़हर मिलाया गया।
- तीसरी बार नींद की गोलियां देकर हत्या का प्रयास किया गया।
ये सभी प्रयास विफल रहे, लेकिन चौथा प्रयास सोहरा में सफल रहा। अब खुलासा हुआ है कि पांचवीं योजना भी पूरी तरह तैयार थी।
अलग-अलग लॉकअप में रखे गए आरोपी, SIT की सख्त पूछताछ जारी
इस हत्याकांड में सोनम रघुवंशी, राज कुशवाहा और तीन अन्य को गिरफ्तार किया गया है। सभी को अलग-अलग लॉकअप में रखा गया है ताकि वे आपस में संपर्क न कर सकें। सोनम को ईस्ट खासी हिल्स के महिला सेल में और अन्य आरोपियों को अलग-अलग थानों में बंद किया गया है।
अधिकारी बोले – यह क्राइम नहीं, साजिश की कहानी है
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, “यह हत्या किसी गुस्से या भावनात्मक आवेश का नतीजा नहीं है। यह एक सुनियोजित साजिश है, जिसमें हत्या की पूरी योजना पहले से बनाई गई थी।”
अब आगे क्या?
पुलिस इस केस में ठोस चार्जशीट तैयार कर रही है और ऐसे सबूत इकट्ठा कर रही है जिससे आरोपियों को अदालत में अधिकतम सजा दिलाई जा सके। साथ ही पुलिस यह भी जांच कर रही है कि कहीं इस साजिश में और कोई तो शामिल नहीं था।
यह केस समाज में रिश्तों की गिरती सच्चाई और विश्वासघात की भयानक तस्वीर पेश कर रहा है।
